India

Blue collar jobs are back to normal process, 3 lakh jobs in a month | Covid-19 के बीच इस सेक्टर में जबरदस्त सुधार, महीने भर में मिली 3 लाख लोगों को नौकरी

नई दिल्लीः कोरोना वायरस महामारी के प्रकोप की मार व्यापारी, रियल स्टेट, खेल, फिल्म इंडस्ट्री जैसे कई सेक्टर्स पर पड़ी है. कोरोना काल में लाखों लोगों की नौकरियां जाने से बेरोजगारी बढ़ी है. कोविड-19 के कारण अर्थव्यवस्था की हालत खस्ता हुई वहीं लोगों को आर्थिक मोर्चे पर बुरे दिन देखने को मिले. महामारी के दौर में मंदी आने से कंपनियों में कर्मचारियों की संख्या घटी है तो रोजगार के नए अवसर भी नहीं पैदा हुए. हालांकि, इसी बीच एक रोजगार को लेकर एक अच्छी खबर है. क्योंकि कोरोना काल में ब्लू कॉलर जॉब्स में ओवरऑल गिरावट आने के बाद अब तेजी से सुधार देखने को मिला है. 

फूड और ग्रोसरी सेगमेंट में हर माह 2.5 लाख जॉब्स
ब्लू कॉलर जॉब्स (शारीरिक श्रम करने वाले कर्मचारी) में ये सुधार फूड और ग्रोसरी इंडस्ट्री में देखने को मिला है. स्टार्ट-अप प्लेसमेंट फर्म पहान के अनुसार, नौकरियों से संबंधित सेवाएं देने वाली स्टार्टअप कंपनी वाहन के अनुसार, खाद्य एवं किराना डिलिवरी खंड (food and grocery delivery segment) में ‘ब्लू कॉलर नौकरियों की मांग कोविड-19 से पहले के स्तर के 100 प्रतिशत पर वापस आ चुकी हैं. इस क्षेत्र में जबरदस्त सुधार के बाद डिलिवरी सेगमेंट अब हर महीने ढाई से तीन लाख नौकरियां प्रोड्यूस कर रहा है. बता दें कि आईपीएल और फेस्टिव सीजन के दौरान इस क्षेत्र में तीन लाख श्रमिकों को रोजगार मिला है. 

ये भी पढ़ें-Drugs Case: भारती-हर्ष की जमानत याचिका पर सुनवाई कल, अलग-अलग जेल में बीतेगी रात

कोरोना के वक्त ब्लू कॉलर जॉब्स में आई थी गिरावट
गौरतलब है कि कोरोना का असर ब्लू कॉलर जॉब्स पर भी हुआ था. वायरस की रोकथाम के लिये लॉकडाउन लगाए जाने के बाद देश में ब्लू कॉलर (शारीरिक श्रम करने वाले कर्मचारी) नौकरियों में गिरावट देखने को मिली थी. हालांकि, एक रिपोर्ट के अनुसार अब खाद्य एवं किराना सामान समेत आपूर्ति (डिलिवरी) खंड की अगुवाई में इन नौकरियों में तेज सुधार देखने को मिल रहा है.

इन क्षेत्रों में बढ़ी नौकरियों की मांग
कंपनी ने अपने ऐप (Vahan app) से जमा किये गये आंकड़ों के आधार पर कहा कि डिलिवरी सेगमेंट के अलावा विनिर्माण (manufacturing)और बीपीओ क्षेत्र (BPO sectors) में भी नौकरियों की मांग आ रही है. वाहन के सह-संस्थापक एवं मुख्य कार्यपालक अधिकारी माधव कृष्ण ने इस बारे में कहा, ‘लॉकडाउन के दौरान ब्लू कॉलर नौकरियों की मांग में जो गिरावट आयी थी, अब डिलिवरी सेगमेंट की अगुवाई में उसमें तेज सुधार देखने को मिल रहा है.’

क्या होती हैं ब्लू कॉलर जॉब्स
जानकारी के लिए बता दें कि ब्लू कॉलर नौकरियों में आमतौर पर औद्योगिक प्रतिष्ठानों और कारखानों में रोजगार के अवसर शामिल होते हैं. इस तरह के कार्यों में कम पढ़े लिखे या अनपढ़ लोग भी आसानी से कर लेते हैं. 



Source link

Leave a Reply